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विकास का कोई विकल्प नहीं होता -मुख्यमंत्री

  • हाई स्कूल की छात्रा प्रीति कुशवाहा और इंटरमीडिएट की छात्रा श्वेता प्रसाद को प्रशस्ति पत्र एवं मेडल प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया..
  • मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने देवरिया को दी 676 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं की सौगात..
  • 501 परियोजनाओं का किया लोकार्पण/शिलान्यास..
  • 11.31 करोड की लागत से नवनिर्मित राजकीय महाविद्यालय का फीता काट कर किया लोकार्पण..

वशिष्ठ 

देवरिया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनपद के देसही देवरिया ब्लाक अन्तर्गत पड़ियापार में आयोजित कार्यक्रम में बटन दबाकर जनपद को 676 करोड़ 32 लाख रुपये की लागत वाली 501 विकास परियोजनाओं की सौगात दी। इस दौरान उन्होंने 11.31 करोड की लागत से नवनिर्मित राजकीय महाविद्यालय का लोकार्पण फीता काटने के साथ किया। मुख्यमंत्री आदित्यानाथ ने अपने सम्बोधन में देवरिया सहित पूरे उत्तर प्रदेश के लोगों को अक्षय तृतीया और परशुराम जयंती की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि हमारे सनातन धर्म में अक्षय तृतीया तिथि को अत्यंत पवित्र माना गया है। 

देवरिया जनपद में बीते वर्षों में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। पहले जहां त्योहारों के समय भय का वातावरण होता था, आज वहां शांति और सौहार्द है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश आज दंगा-मुक्त और माफिया-मुक्त राज्य बन चुका है। हम इसी विकास यात्रा को गति देने के लिए यहां आए हैं। उन्होंने कहा कि चार मंजिला इस डिग्री कॉलेज  में एक साथ कला, वाणिज्य और विज्ञान की कक्षाएं संचालित होंगी। 

पथरदेवा में वाणिज्य की कक्षायें भी प्रस्तावित हैं तथा गौरीबाजार के राजकीय महाविद्यालय की सुदृढीकरण/ निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। दिमागी बुखार (इंसेफेलाइटिस) जैसी जानलेवा बीमारी से अब निजात मिल गई है। उत्तर प्रदेश अब हाईवे, मेट्रो, रोपवे और विश्वस्तरीय एक्सप्रेस-वे वाले राज्य के रूप में नई पहचान बना रहा है। गोरखपुर से सिल्चर तक एक नया ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे प्रस्तावित है। यह एक्सप्रेसवे दिल्ली तक की कनेक्टिविटी सुनिश्चित करेगा। 

गोरखपुर से शामली को भी एक्सप्रेस-वे से जोड़ने की प्रक्रिया प्रगति पर है, जिससे सीधे दिल्ली तक की यात्रा सुलभ होगी। सड़क विकास के तहत देवरिया-हाटा मार्ग के चौड़ीकरण, देवरिया-कसया और देवरिया-पडरौना मार्ग को फोरलेन बनाने की योजनाएं भी सरकार की प्राथमिकता में हैं। 

यदि देवरिया की चीनी मिल से जुड़ा मामला सुप्रीम कोर्ट में लंबित न होता, तो अब तक शुगर कॉम्पलेक्स बन गया होता, इसके लिए धन आरक्षित रखा गया है। सरकार लगातार इस मामले की पैरवी भी उच्चतम न्यायालय में कर रही है। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि किसान, जो हमारे अन्नदाता हैं, उनकी स्थिति में आज काफी सुधार हुआ है। सरकार सभी को सामाजिक सुरक्षा की गारंटी दे रही है। 

महिलाएं, बेटियां और व्यापारी अब खुद को सुरक्षित महसूस कर रहे हैं। दंगाइयों और माफियाओं को उनकी ही भाषा में जवाब दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विकास का कोई विकल्प नहीं होता। 

जनप्रतिनिधियों के विकास की सोच से ही कॉलेज और आईटीआई जैसे संस्थानों का निर्माण होता है। महर्षि देवरहा बाबा के नाम पर मेडिकल कॉलेज का निर्माण हुआ है, जिसमें नर्सिंग कॉलेज का निर्माण भी शुरू किया जा रहा है। बेटियों को इसकी पढ़ाई के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा और उन्हें रोजगार के समुचित अवसर मिलेंगे। 

बाढ़ से बचाव के लिए भी कई योजनाओं का शुभारंभ किया गया है। बरहज-सोनूघाट मार्ग के लिए प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिए गए हैं। 

लैंड-वॉटर ट्रांसपोर्ट के लिए बलिया में जहां गंगा और सरयू मिलती हैं, वहां से बनारस और प्रयागराज के लिए जलमार्ग की सुविधा दी गई है। अब सरयू नदी के रास्ते अयोध्या तक भी यह सुविधा बढ़ाई जा रही है, जिससे देवरिया के किसानों के उत्पाद अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंच सकेंगे। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि मुसहर/वनटांगिया समुदाय को जमीन का पट्टा, आवास और अन्य योजनाओं का लाभ प्राथमिकता के आधार पर दिया जा रहा है। पात्र लाभार्थियों को आवास, राशन कार्ड, आयुष्मान कार्ड आदि योजनाओं से आच्छादित करने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है। देवरिया के साथ-साथ कुशीनगर और सोनभद्र में भी मुसहर समुदाय की बड़ी आबादी है, जिन्हें योजनाओं का लाभ दिया जा रहा है। कुशीनगर में महात्मा बुद्ध के नाम पर कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय का निर्माण हो रहा है। साथ ही पर्यटन विकास योजनाओं का भी शुभारंभ किया गया है।

देवरिया जनपद को लगभग 676 करोड़ 32 लाख रुपये की लागत से 501 विकास परियोजनाओं में से 253.64 करोड़ रुपये की लागत से 341 परियोजनाओं का लोकार्पण तथा 422.67 करोड़ रुपये की लागत से 160 परियोजनाओं का शिलान्यास किया गया। 

लोकार्पित परियोजनाओं में जिला पंचायत की 215 परियोजनाएं, जिनकी कुल लागत लगभग 22.59 करोड़ रुपये है, शामिल हैं। साथ ही लोक निर्माण विभाग, नमामि गंगे, सिंचाई एवं जल संसाधन, नगर निकायों एवं आयुष विभाग की भी महत्वपूर्ण परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया गया।

मुख्यमंत्री द्वारा लोकार्पित प्रमुख विकास कार्यों में पुलिस लाइन देवरिया में 23.48 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित जी+12 ट्रांजिट हॉस्टल, ग्राम खरवनिया, भाटपाररानी में 14.80 करोड़ रुपये की लागत से छोटी गंडक नदी पर सेतु निर्माण, घाघरा नदी के बाएं तट पर छित्तूपुर-भागलपुर तटबंध के डाउन स्ट्रीम में 0.400 से 0.900 किलोमीटर के मध्य 11.28 करोड़ रुपये की लागत से तटबंध सुरक्षा कार्य, राप्ती नदी के बाएं तट पर नकइल-सेमरौना तटबंध के पास ग्राम गायघाट के निकट 12 करोड़ 34 लाख रुपये की लागत से पारगम्य स्पर व आर्टिकुलेटिंग मैट्रेस एवं जियो बैग पीपी गैबियन साइड वॉल का कटाव निरोधक कार्य, देवरिया सदर में 8 करोड़ 65 लाख रुपये की लागत से पशु चिकित्सालय एवं वेटरिनरी क्लिनिक का निर्माण, राप्ती नदी के तिघरा-मराछी तटबंध पर नीबा गांव में 7.07 करोड़ रुपये की लागत से बाढ़ सुरक्षात्मक कार्य, कोन्हवलिया भरत राय के पास 4 करोड़ रुपये की लागत से कटान निरोधक कार्य, राजकीय आईटीआई सलेमपुर में 3.54 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक कार्यशाला और प्रशिक्षण कक्ष का निर्माण तथा गुर्रा नदी के बाएं तट पर पिडरा-करनपुर तटबंध पर ग्राम करौता में 3 करोड़ 68 लाख रुपये की लागत से बाढ़ सुरक्षात्मक कार्य परियोजना शामिल हैं। इसके अतिरिक्त जल जीवन मिशन के तहत मिर्जापुर और करनपुरा ग्रामों में लगभग 5 करोड़ रुपये की लागत से पेयजल परियोजनाएं शुरू की गई हैं।

मुख्यमंत्री ने राजकीय महाविद्यालय पड़ियापार में 11.31 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित चार मंजिला भवन का भी लोकार्पण किया। इस भवन में कुल 20 कमरे हैं, जहां विज्ञान, कला एवं वाणिज्य संकायों की पढ़ाई कराई जाएगी। फसल अवशेष प्रबंधन योजना के अंतर्गत एग्रीगेटर के रूप में चयनित हिमांशु राय को अनुदान की राशि प्रदान किया गया तथा उन्हें ट्रैक्टर की चाबी सौंपी गई। मुख्यमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत चयनित रीना देवी पत्नी स्वर्गीय सुरेन्द्र यादव को निराश्रित महिला वर्ग के अंतर्गत लाभान्वित किया गया। 

तीन किस्तों में कुल 1,20,000 रुपये की धनराशि प्राप्त कर रीना देवी ने एक पक्का और सुंदर आवास का निर्माण किया है। आवास के अतिरिक्त उन्हें बिजली का कनेक्शन, निःशुल्क गैस कनेक्शन तथा स्वच्छ शौचालय का भी लाभ प्राप्त हुआ है। 

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रीना देवी को गृह प्रवेश हेतु प्रतीकात्मक चाबी भेंट कर उनका सम्मान किया।  उत्तर प्रदेश ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत कुल 523 स्वयं सहायता समूहों को सामुदायिक निवेश निधि के रूप में 7 करोड़ 87 लाख 50 हजार रुपये की धनराशि के चेक वितरित किए गए। निधि प्राप्त करने वालों में मीना मद्धेशिया, अंबा देवी, सनी तारा देवी और सरिता देवी प्रमुख रूप से शामिल रहीं। 

मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के तहत प्रयाग गौड़ और विकास गुप्ता को उद्योग स्थापना हेतु क्रमशः 4.5 लाख रुपये की आर्थिक सहायता भी प्रदान की गई। इसके साथ ही परिषदीय परीक्षा 2025 में जनपद स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को भी मुख्यमंत्री द्वारा सम्मानित किया गया। 

हाई स्कूल की छात्रा प्रीति कुशवाहा और इंटरमीडिएट की छात्रा श्वेता प्रसाद को प्रशस्ति पत्र एवं मेडल प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया गया। 

निराश्रित महिला पेंशन योजना के अंतर्गत सुनीता सिंह को पेंशन स्वीकृति पत्र प्रदान किया गया। कार्यक्रम के दौरान महाविद्यालय प्रांगण में मुख्यमंत्री जी द्वारा रुद्राक्ष का पौधरोपण किया गया। बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग द्वारा स्टॉल पर अन्नप्राशन संस्कार भी सम्पन्न हुआ। 

बच्चों को खीर खिलाई गई। गोदभराई का कार्यक्रम भी किया गया। चिन्हित दिव्यांगजनों  में मोटरराइज्ड साइकिल, व्हील चेयर और श्रवण यंत्र  वितरित किए गए। ग्राम उदयपुरा के चिन्हित मुसहरो को जमीन का पट्टा आवंटित किया गया। मुख्यमंत्री द्वारा विभिन्न स्टालों का अवलोकन किया गया।  

इस अवसर पर कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, जनपद प्रभारी/परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह, ग्राम्य विकास राज्यमंत्री विजय लक्ष्मी गौतम, उच्च शिक्षा मंत्री उत्तर प्रदेश योगेंद्र उपाध्याय, उच्च शिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी, सदर सांसद शशांक मणि त्रिपाठी, सदर विधायक शलभ मणि त्रिपाठी, रामपुर कारखाना विधायक सुरेंद्र चौरसिया, भाटपाररानी विधायक सभाकुंवर, कुशवाहा रुद्रपुर विधायक जयप्रकाश निषाद, बरहज विधायक दीपक मिश्रा, भाजपा जिला अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह, क्षेत्रीय अध्यक्ष सहजानंद, एमएलसी रतनपाल सिंह, विधायक हाटा मोहन वर्मा, पूर्व सांसद सदर डॉक्टर रमापति राम त्रिपाठी, पूर्व सांसद सलेमपुर रविंद्र कुशवाहा, जिलाधिकारी श्रीमती दिव्या मित्तल, पुलिस अधीक्षक विक्रांत वीर, मुख्य विकास अधिकारी प्रत्यूष पांडेय सहित समस्त जनपद स्तरीय अधिकारी गण आदि मौजूद रहे।

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