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देश के किसानों का आर्थिक विकास करेगा "गाँव ग्राम" एप

लखनऊ निवासी अब्दुर्रहमान ने देश का नाम किया रोशन

जाहिद अली

लखनऊ, 20 अगस्त।कंप्यूटर स्कालर अब्दुर्रहमान और उनकी टीम ने भारत के ग्रामीण क्षेत्रों के आर्थिक विकास के लिये "गाॅंव ग्राम" मोबाइल एप  विकसित किया है। जयपुर में कंप्यूटर शोध कर रहे अब्दुर्रहमान का कहना है,कि भारत में लाखों लोग पशुपालन, डेयरी फार्मिंग, कृषि, चारा-खाद्य प्रबंधन और ग्रामीण व्यापार जैसे क्षेत्रों से जुड़े हुए हैं। इन क्षेत्रों की विशाल संभावनाओं के बावजूद,एकीकृत डिजिटल मंच की कमी, सूचनाओं की असमानता और तकनीकी सुविधाओं की अनुपलब्धता के कारण ये व्यवसाय अपनी पूरी क्षमता तक नहीं पहुँच पा रहे हैं। इन्हीं चुनौतियों का समाधान करने के उद्देश्य से देश के किसानों के लिए गाॅंव ग्राम एप बनाया गया है। 

स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर

गाँव ग्राम एप का उद्घाटन करते हुए

अब्दुर्रहमान ने पत्रकारों को बताया कि गाँव ग्राम ग्रामीण भारत की कृषि,

पशुपालन और ग्रामीण व्यापार से जुड़े लोगों के लिए एक समर्पित डिजिटल मंच है। उन्होंने कंपनी के उद्देश्य और लक्ष्य साझा करते हुए बताया कि हमारा मकसद ग्रामीण भारत को एकीकृत डिजिटल नेटवर्क प्रदान करना है,जिससे न केवल व्यावसायिक धोखाधड़ी की आशंका कम हो, बल्कि भाषा और तकनीकी बाधाएँ भी समाप्त हों। इसके बाद

उनकी टीम से जुड़े अमन कन्नौजिया और जुनैद अली ने विस्तार से बताया कि गाँव ग्राम किस प्रकार कार्य करता है। सहज और सरल यूज़र इंटरफ़ेस, क्षेत्रीय भाषाओं व स्थानीय संस्कृति के अनुरूप डिज़ाइन और सुरक्षित नेटवर्किंग के माध्यम से व्यावसायिक विस्तार करेगा। 

वहीं, कंपनी के वर्क कल्चर पर प्रकाश डालते हुए आबिदा नफीस ने बताया कि गाँव ग्राम में टीमवर्क,पारदर्शिता और ग्रामीण समुदाय से सीधा जुड़ाव हमारी सबसे बड़ी ताकत है। इस मौके पर मोहम्मद अबशारुद्दीन, शोधार्थी, मौलाना आज़ाद नेशनल उर्दू विश्वविद्यालय ने सभी वक्ताओं और अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा, गाँव ग्राम केवल एक मोबाइल एप नहीं,बल्कि डिजिटल भारत के निर्माण की दिशा में ग्रामीण भारत का अपना सशक्त डिजिटल साथी है। मड़ियांव क्षेत्र की प्रीति नगर कालोनी में एक सादे समारोह में अब्दुर्रहमान ने बताया कि उनकी टीम से जुड़े युवाओं ने दिन-रात की मेहनत से एक ऐसा मोबाइल एप तैयार किया है जो पूरे देश के अलग-अलग राज्यों की कृषि उपजों और स्थानीय पशुपालकों की आर्थिक स्थिति सुधारने में सहयोगी बनेगा।

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