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सोनभद्र में कानून व्यवस्था ध्वस्त: क्रेशर मालिक हरि उपाध्याय की निर्मम हत्या से दहला जनपद

भाजपा शासन में माफिया बेलगाम, अपराधियों के हौसले बुलंद


मनोज कुमार

सोनभद्र। चोपन थाना क्षेत्र अंतर्गत बग्घानाला स्थित क्रेशर प्लांट पर सो रहे क्रेशर मालिक हरि उपाध्याय की सिर कूंचकर की गई निर्मम हत्या ने जनपद की कानून व्यवस्था की भयावह तस्वीर एक बार फिर उजागर कर दी है। यह वारदात न केवल प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े करती है, बल्कि यह भी बताती है कि सोनभद्र अब अपराधियों और माफियाओं के लिए सुरक्षित ठिकाना बनता जा रहा है।

स्थानीय लोगों के अनुसार, अपराधी बेखौफ होकर इस जघन्य हत्याकांड को अंजाम देकर फरार हो गए, जबकि पुलिस और प्रशासन घटनास्थल पर पहुंचने के बाद भी ठोस कार्रवाई और खुलासे में नाकाम नजर आ रहे हैं। इस हत्या के बाद क्षेत्र में दहशत और आक्रोश का माहौल है।


भाजपा शासन में सोनभद्र बना अपराध की प्रयोगशाला


जनपद सोनभद्र में बीते कुछ वर्षों में हुई घटनाओं पर नजर डालें तो साफ दिखाई देता है कि भाजपा शासनकाल में जिले में अपराध चरम पर पहुंच चुका है। चोपन नगर पंचायत के तत्कालीन चेयरमैन इम्तियाज अहमद की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई। इसके बाद रेणुकूट नगर पंचायत के चेयरमैन बबलू सिंह की भी सरेआम गोली मारकर हत्या हुई, लेकिन आज तक इन मामलों में न्याय की तस्वीर धुंधली ही बनी हुई है।


उभ्भा नरसंहार: भाजपा शासन का काला अध्याय


सोनभद्र का सबसे भयावह और विभत्स कांड—उभ्भा नरसंहार, जिसमें एक ही परिवार के लोगों को चुन-चुनकर मौत के घाट उतार दिया गया—भी भाजपा शासन के दौरान ही हुआ। यह घटना आज भी प्रदेश की कानून व्यवस्था पर एक गहरे धब्बे के रूप में दर्ज है।

रॉबर्ट्सगंज में युवा व्यवसायी दंपति की हत्या ने मचाई थी सनसनी

पिछले वर्ष रॉबर्ट्सगंज में राज पैलेस होटल के बगल में जिस तरह युवा व्यवसायी धर्मेंद्र पटेल और उनकी पत्नी की निर्मम हत्या की गई, वह घटना आज भी लोगों की आंखों के सामने ताजा है। शहर के सबसे व्यस्त इलाके में इस तरह की वारदात ने यह साबित कर दिया कि अपराधियों को किसी का डर नहीं रहा।


मंत्री के काफिले पर हमला, आमजन कितना सुरक्षित?


जब भाजपा सरकार के मंत्री संजीव गौड़ के काफिले पर ही हमला हो सकता है, तो यह अंदाजा लगाना मुश्किल नहीं कि आम नागरिक, व्यापारी और किसान कितने असुरक्षित हैं। सवाल यह है कि आखिर अपराधियों को संरक्षण कौन दे रहा है?


जनता में आक्रोश, जवाबदेही तय करने की मांग


हरि उपाध्याय की हत्या के बाद जनपद में गुस्सा उबाल पर है। लोगों का कहना है कि अब केवल बयानबाजी नहीं, बल्कि ठोस कार्रवाई, निष्पक्ष जांच और अपराधियों की तत्काल गिरफ्तारी होनी चाहिए। साथ ही यह भी मांग उठ रही है कि जिले में पनप रहे माफिया नेटवर्क पर सख्ती से प्रहार किया जाए।


सोनभद्र आज एक बार फिर पूछ रहा है—

क्या भाजपा शासन में कोई भी सुरक्षित नहीं?

और कब तक बहता रहेगा निर्दोषों का खून?

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