Skip to main content

आमजन की समस्याओं को लेकर जिलाधिकारी शख्त निर्देश समस्याओं के त्वरित, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण हो

अयोध्या से रवि मौर्य 

अयोध्या। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशों के अनुपालन में जनपद में आमजन की समस्याओं के त्वरित, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण को लेकर जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी द्वारा जारी आदेश का अनुपालन सुनिश्चित कराया जा रहा है। इसी क्रम में प्रतिदिन (सोमवार से शुक्रवार) प्रातः 10:00 बजे से 12:00 बजे तक जनपद, तहसील, ब्लॉक एवं नगर निकाय स्तर पर अधिकारी अनिवार्य रूप से अपने कार्यालयों में उपस्थित रहकर जनता दर्शन के माध्यम से आमजन की समस्याएं सुन रहे हैं तथा उनका यथा सम्भव संतुष्टिपरक निस्तारण भी कर रहे हैं।

जिलाधिकारी के निर्देशों के तहत जनता दर्शन की कार्यवाही को पूर्णतः परिणाम आधारित बनाया गया है। वीसी के माध्यम से इसकी लगातार लाइव मॉनिटरिंग की जा रही है, जिससे अधिकारियों की उपस्थिति, शिकायतों के निस्तारण की गति एवं गुणवत्ता पर सीधी नजर रखी जा रही है।

जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जनता दर्शन में प्राप्त शिकायतों को लंबित रखना अथवा लापरवाही बरतना किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं होगा। किसी भी स्तर पर शिथिलता पाए जाने पर संबंधित अधिकारी के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। प्रशासन का उद्देश्य है कि आमजन को त्वरित राहत मिले और उन्हें अनावश्यक रूप से भटकना न पड़े।

इसी कड़ी में जिलाधिकारी द्वारा भी प्रतिदिन जनता दर्शन के दौरान प्राप्त शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई करते हुए आमजन को राहत प्रदान की जा रही है।

जनता दर्शन में तहसील सोहावल निवासी ब्रह्मादीन सं०नि० लेखपाल द्वारा पेंशन व ग्रेच्युटी का आकलन कर लाभ दिलाए जाने के संबंध में प्रार्थना पत्र दिया गया था, जिस पर तुरंत कार्रवाई करते हुए संबंधित विभाग द्वारा पेंशन संशोधन आदेश पारित किया गया है। 

इसी क्रम में निर्मली कुंड अयोध्या निवासी  कृष्ण नंदन मिश्र के द्वारा बुकिंग किए गए सिलेंडर को ना दिया जाने के संबंध में शिकायत की गई थी जिस पर जिला पूर्ति अधिकारी के द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए शिकायत का निस्तारण कराया गया। 

इसी क्रम में आवेदक शांती देवी, ग्राम मोहम्मदपुर परगना पश्चिमराठ निवासी के द्वारा अपने मकान एवं अपने पडोसी के मकान के बीच में स्थल पर बनी नाली को सीधा करने हेतु प्रार्थना पत्र प्रेषित किया गया था, जिस पर उप जिलाधिकारी बीकापुर व खंड विकास अधिकारी बीकापुर को संयुक्त रूप से परीक्षण कर नियमानुसार आवश्यक कार्यवाही हेतु निर्देशित किया गया था। उक्त निर्देशों के अनुपालन में राजस्व, विकास खण्ड कार्यालय बीकापुर एवं पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा स्थलीय निरीक्षण करते हुये कच्ची नाली को स्वच्छता तथा जलभराव के दृष्टिगत सीधा करा कर शिकायत का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित किया गया है। 

इसके साथ ही  ओम प्रकाश मिश्र ने पुलिस क्राइम ब्रांच अयोध्या द्वारा मांगी गई रिपोर्ट न दिया जाने के संबंध में शिकायत किया था जिस पर जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारी सदर को कार्रवाई करने हेतु निर्देशित किया था जिसके क्रम में उप जिलाधिकारी सदर द्वारा अवगत कराया गया है कि संबंधित रिपोर्ट को तत्समय क्षेत्राधिकार अपराध कार्यालय को उपलब्ध करा दी गई है। 

इसी क्रम में बड़ा रमना अयोध्या निवासी  वीरेन्द्र सिंह ने अवैध छज्जा निर्माण एवं सड़क पर अतिक्रमण के संबंध में शिकायत किया था, जिस पर जिलाधिकारी ने विकास प्राधिकरण को कार्रवाई करने हेतु निर्देशित किया, जिस पर सचिव विकास प्राधिकरण के द्वारा बताया गया कि निर्माण स्थल पर स्वीकृत मानचित्र न दिखाये जाने के क्रम में नियोजन एवं विकास अधिनियम 1973 की सुसंगत धाराओं के अन्तर्गत योजित कर दी गयी है। 

जनता दर्शन में काशीपुर बरेहटा निवासी  आशाराम के द्वारा अवैध रूप से लगवाए गए विद्युत पोल को हटाने के संबंध में प्रार्थना पत्र प्रेषित किया गया था जिस पर त्वरित कार्रवाई करते हुए संबंधित कार्यदाई संस्था द्वारा विद्युत पोल को हटा दिया गया है।

Comments

Popular posts from this blog

रविंद्र प्रताप सिंह (रवि): वो शख्स जिसने मृत्यु के सन्नाटे में मानवता की आवाज़ बनकर 3800 शवों को दिया सम्मान

शमशान बना आशियाना, मोह माया से मुक्त मृत शरीरों में दिखा भगवान - रवि सिंह संवाददाता, लखनऊ l जब दुनिया ने अपने दरवाज़े बंद कर लिए थे, अपनों ने भी अपनों से मुँह फेर लिया था, अस्पतालों में साँसे रुक रही थीं और शमशान घाटों में चिताएं लगातार जल रही थीं — उस भयावह मंजर में एक चेहरा ऐसा भी था, जो लोगों को जीवन में नहीं परंतु मृत्यु के बाद सम्मान दे रहा था। नाम है रविंद्र प्रताप सिंह उर्फ रवि, जो न सिर्फ एक कर्मठ कर्मचारी हैं, बल्कि मानवता के सबसे कठिन इम्तहान में खरे उतरने वाले सच्चे योद्धा हैं। शमशान घाट बना तपोस्थली साल 2021, अप्रैल का महीना... लखनऊ का बैकुंठ धाम शवदाह गृह देश के सबसे व्यस्त शमशान घाटों में बदल चुका था। चिताओं की आग बुझने का नाम नहीं ले रही थी। उस दौरान जब अधिकांश कर्मचारी भय से दूर हो गए, रवि ने पीछे नहीं देखा। उन्होंने 8 अप्रैल से 8 जून 2021 तक दो माह तक शमशान में ही रहकर — 3800 से अधिक शवों का अंतिम संस्कार किया। यह सिर्फ आँकड़ा नहीं, हर एक शरीर के पीछे एक टूटता हुआ परिवार, एक आखिरी विदाई की पीड़ा, और रवि जैसे एक संवेदनशील हाथों की गरिमा थी। उनका कहना है — “मैंने मृत शरी...

“अफसरों की लापरवाही और सरकार की अनदेखी: उजड़ने की कगार पर संजय कॉलोनी भाटी माइंस”

जितेंद्र कुशवाहा दिल्ली के दक्षिणी इलाके में स्थित संजय कॉलोनी भाटी माइंस के लोग आज भी अपने अधिकार और अस्तित्व के लिए संघर्ष कर रहे हैं। यह वही कॉलोनी है, जिसे वर्ष 1976 में दिल्ली सरकार ने विधिवत बसाया था और यहां के निवासियों को पट्टे भी दिए गए थे। उस समय ग्रामीणों को यह भरोसा दिलाया गया था कि अब उन्हें एक स्थायी ठिकाना मिल गया है। लोग गांव से आए, मजदूरी की, और जीवनभर की कमाई लगाकर ईंट-पत्थर से अपने आशियाने खड़े किए। लेकिन 1991 में अफसरों की लापरवाही और सरकार की अनदेखी ने यहां के निवासियों की जिंदगी को अंधकार में धकेल दिया। अधिकारियों की एक गलत रिपोर्ट और अदूरदर्शी निर्णय के कारण पूरी कॉलोनी को रिज क्षेत्र (संरक्षित वन क्षेत्र) घोषित कर दिया गया। नतीजा यह हुआ कि 15 साल पहले जिन घरों को कानूनी मान्यता दी गई थी, वे अचानक “अवैध” हो गए। आज हालात यह हैं कि सरकार और प्रशासन उन्हीं घरों को तोड़ने पर आमादा है, जिन पर लोगों ने अपना खून-पसीना बहाकर जीवन की पूंजी लगा दी थी। इस अन्याय के खिलाफ आवाज उठाते हुए नव युवक ग्राम विकास समिति के सदस्य एवं ‘संसार जनकल्याण एक किरण फाउंडेशन’ के संस्थापक समाज...

नगर निकायों में कर्मचारियों से उच्च पद का कार्य लेना बंद होगा

लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने नगर निकायों में कार्यरत कर्मचारियों से उनके मूल पद से उच्च पद का कार्य लेने की प्रथा पर सख्त रुख अपनाया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर एक महत्वपूर्ण आदेश जारी किया गया है, जिसके तहत अब किसी भी नगर निकाय में कार्यरत कर्मचारी से उसके मूलपद से अधिक जिम्मेदारी वाला कार्य नहीं लिया जाएगा।  मुख्यमंत्री कार्यालय को ऑनलाइन संदर्भ संख्या 60000180127355 के माध्यम से एक शिकायत प्राप्त हुई थी, जिसमें यह उजागर किया गया था कि प्रदेश के कई नगर निकायों में कर्मचारियों से उनकी निर्धारित जिम्मेदारियों से अधिक काम लिया जा रहा है।  इस मामले पर 19 दिसंबर 2018 को संज्ञान लिया गया था, लेकिन अब इसे लेकर ठोस कार्यवाही सुनिश्चित की जा रही है। स्थानीय निकाय निदेशालय, गोमती नगर विस्तार, लखनऊ की ओर से यह निर्देश प्रदेश के समस्त नगर आयुक्तों, जलकल विभाग के महाप्रबंधकों, डिविजनल जल संस्थानों के प्रमुखों और नगर पालिका व नगर पंचायतों के अधिशासी अधिकारियों को भेजा गया है। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि किसी भी कर्मचारी से उसके मूलपद से ऊपर के स्तर का कार्य लेना नि...