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लखनऊ में पुलिस का कहर

शराब माफियाओं और नशे में गाड़ी चलाने वालों पर सीधा वार!

लखनऊ 

कामता चौराहे पर चला सख़्ती का चक्र — डी.सी.पी के आदेश पर पुलिस टीम का जोरदार अभियान

नशे में वाहन चलाने वालों से लेकर शराब की अवैध ढुलाई करने वालों तक — कोई नहीं बचा पुलिस की नजरों से

कामता चौराहा, लखनऊ:

राजधानी लखनऊ में पुलिस कमिश्नर डी.सी.पीके स्पष्ट निर्देशों पर अवैध गतिविधियों पर शिकंजा कसने के लिए पुलिस लगातार अभियान चला रही है। इसी कड़ी में, बीती रात कामता चौराहे पर एक सघन चेकिंग अभियान चलाया गया, जिसके संचालन में पुलिस की तत्परता और सख़्ती साफ़ नज़र आई।

इस अभियान का नेतृत्व कर रहे थे —

एसीपी (सहायक पुलिस आयुक्त) शिवाजी सिंह,

टीएसआई (प्रभारी ट्रैफिक सब इंस्पेक्टर) वेंकटेश्वर सिंह,

सहायक टीएसआई आशुतोष त्रिपाठी,

तथा उनकी टीम में शामिल हमराही , रुद्र प्रतापसिंह ,सिपाही विष्णु  प्रताप सिंह। 

लखनऊ ट्रैफिक पुलिस और स्थानीय पुलिस के इस संयुक्त अभियान का मकसद था —

नशे में वाहन चलाने वालों की पहचान करना,

शराब की अवैध ढुलाई में संलिप्त गाड़ियों को पकड़ना,

और सड़क सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करना। 

इस दौरान टीम ने कई वाहनों की गहन तलाशी ली। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ मौके पर ही चालान काटे गए और कई संदिग्ध गाड़ियों को सीज़ भी कर दिया गया।

एसीपी शिवाजी सिंह ने अभियान के बाद कहा:

"पुलिस कमिश्नर (डी.सी.पी) महोदय के आदेश पर हम लगातार ऐसे अभियानों को अंजाम दे रहे हैं। 

नशे में गाड़ी चलाना हो या अवैध शराब का परिवहन अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।"

इस चेकिंग अभियान से न सिर्फ शहर में अपराधियों के बीच डर का माहौल बना, बल्कि आम नागरिकों में पुलिस की सक्रियता और जवाबदेही को लेकर विश्वास भी बढ़ा है। लखनऊ पुलिस का यह क़दम यह साफ़ करता है कि अब शहर में कानून के खिलाफ जाने वालों की खैर नहीं। हर चौक-चौराहे पर पुलिस पूरी मुस्तैदी से तैनात है और लखनऊ को सुरक्षित रखने के लिए प्रतिबद्ध है।

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